कानपुर में 8 पुलिसकर्मियों की हत्या : JCB, ताबड़तोड़ फायरिंग, जब इतनी बड़ी थी साजिश तो क्या कर रही थी LIU

कानपुर में विकास दुबे नाम के एक बदमाश को पकड़ने गई यूपी पुलिस टीम के 8 लोगों (डीएसपी स्तर के एक अधिकारी समेत, 3 सब इंस्पेक्टर, 4 सिपाही) ने जान गंवा दी है. दरअसल कानपुर के बिकरु गांव में पुलिस विकास दुबे को पकड़ने गई थी. इस बदमाश पर का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है. इसके खिलाफ हाल ही में एक मामला दर्ज कराया गया था. इसी मामले में पुलिस इसको गिरफ्तार करने गई थी. लेकिन ऐसा लगता है कि पुलिस की इतनी भारी भरकम टीम गांव आ रही है इस बात की जानकारी विकास दुबे और उसके कथित गैंग के लोगों को पता चल गया. उसके लोगों ने पूरी प्लानिंग के साथ गांव में घुसने वाले रास्ते में जीसीबी खड़ा कर रास्ता रोक दिया. इतना ही नहीं गांव के अंदर घरों की छतों पर उसके लोग घात लगाकर बैठे हुए थे. जैसे ही गांव की टीम घुसी पुलिस टीम पर तीम ओर से हमला कर दिया. छतों पर बैठे बदमाशों के लिए पुलिस पर निशाना लगाना आसान था और पुलिस की टीम इस तीन तरफा हमले से संभलने का मौका नहीं मिला. इस गोलीबारी के बाद विकास दुबे और उसके गुर्गे अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए.

जान गंवाने वाले पुलिसकर्मियों के नाम
सीओ देवेंद्र  मिश्रा, एसओ महेश यादव, चौकी इंचार्ज अनूप कुमार, सब इंन्पेक्टर, नेबुलाल, कांस्टेबल सुल्तान सिंह, राहुल, जितेन्द्र और बबलू हैं.

तलाशी अभियान जारी
कानपुर के एडीजी जेएन सिंह ने बताया है कि विकास दुबे और उसके साथियों को पकड़ने के लिए तलाशी अभियान जारी है. घायल पुलिसकर्मियों का इलाज जारी है. कन्नौज और कानपुर देहात की पुलिस को भी बुला लिया गया है.

STF कर दी गई है तैनात
घटना के बाद एसटीएफ की तैनाती कर दी गई है और गांव में आला पुलिस अधिकारी पहुंच गए हैं.

लेकिन ये किसकी नाकामी?
सवाल इस बात का है कि जब बदमाशों ने इतनी बड़ी तैयारी कर रखी थी और वे पुलिस पर हमला करने की तैयारी में थे तो इस बात की भनक स्थानीय खुफिया (LIU) को क्यों नहीं लगी. क्योंकि गांव के रास्ते को जेसीबी लगाकर रोकने की प्लानिंग से ही अंदाजा हो जाता है कि वह घात लगाकर हमला करने की तैयारी कर चुके थे.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *